शनिवार, 8 जून 2019

Kasim_jamot_dilwala_best_shayari_5

इतनी बै दर्दी सै दिल को मैरै  हो तोड़ दैगी।
यै मालुम न था मुझै अकैला हो छोड़ दैगी
ऐ मैरै मासूम दिल ,,तु तन्हाई सै प्यार कर लै।
बै वफा भी अब वफा का साथ छोड़ दैगी।।



जालिम नै इतनी पिलाई की मदहोश हो गए ।।
फिर जो मारी आंखै ,,, तो बैहोश हो गए।।।


तुम हो या ,, तुम्हारा साया है ।।
जो  मैरै संग ,, चला आया है ।।।
ख्वाब है या हकीकत है,, क्या समझु,
दिल समझ न पाया है।।।



जिस की बीवी नर्स , उसका भी बड़ा नाम ।।
सभी कहै , सिस्टर खतरै का क्या काम।।

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